कश्मीर का माहौल बिगाड़ने के लिए लगातार आतंकवादी  घुसपैठ की प्रयास में लगा पाक

कश्मीर का माहौल बिगाड़ने के लिए लगातार आतंकवादी  घुसपैठ की प्रयास में लगा पाक

जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) में आर्टिकल 370 (Article 370) हटाए जाने के बाद से आतंकवादी (Terrorist) गतिविधियों पर लगाम लगी है। कश्मीर (Kashmir) में शांति पाक (Pakistan) को रास नहीं आ रही है।

कश्मीर का माहौल बिगाड़ने के लिए पाक के आतंकवादी लगातार घुसपैठ की प्रयास में लगे हुए हैं। सुरक्षा एजेंसियों (Security Agency) के अधिकारियों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना 60 से ज्यादा आतंकवादियों को कश्मीर में भेजने की हर मुमकिन प्रयास कर रही है। के लिए अब आतंकवादियों ने वो रास्ता अपना है, जिसके बारे में सेना को भी समाचार नहीं थी। बताया जाता है कि आतंकवादी करने के लिए उन ऊंची-ऊंची पहाड़ियों का प्रयोग कर रहे हैं जहां सेना के जवान उपस्थित नहीं होते।

खुफिया जानकारी के मुताबिक सीमा पार से उत्तरी कश्मीर के ऊंचाई वाले इलाकों तथा जम्मू क्षेत्र के पुंछ व राजौरी इलाकों से घुसपैठ में वृद्धि हुई है। हालांकि, के बारे में सेना की ओर से आधिकारिक रूप से कोई जानकारी नहीं दी गई है। नियंत्रण रेखा से घुसपैठ के पास व असफल प्रयासों के बारे में जानने के लिए हाल में हुई एक मीटिंग में सेना के प्रतिनिधि को कश्मीर क्षेत्र के गुरेज, माछिल व गुलमर्ग सेक्टरों के ऊंचाई वाले इलाकों तथा जम्मू क्षेत्र के पुंछ व राजौरी इलाकों में आतंकवादी घुसपैठ के विषय में विभिन्न एजेंसियों द्वारा जुटाए गए साक्ष्य सौंपे गए।

जम्मू और कश्मीर पुलिस के महानिदेशक दिलबाग सिंह ने बताया था कि नियंत्रण रेखा पर घुसपैठ के कई कोशिश हुए, जिनमें से ज्यादातर को विफल कर दिया गया है। उन्होंने इस आसार से मना नहीं किया कि होने कि सम्भावना है कुछ आतंकवादी घुसपैठ करने में पास हो गए हों। उन्होंने बोला कि ऐसे आतंकवादियों को पकड़ने के लिए कश्मीर में सर्च ऑपरेशन भी चलाया जा रहा है। बताते चलें कि गुलमर्ग के ऊंचाई वाले क्षेत्रों को 1990 के दशक में मध्य के लिए प्रयोग किया जाता था।
आतंकियों ने घुसपैठ के लिए अपनाया नया रास्ता

साल 2014 में सेना तब आश्चर्यचकित रह गई थी जब उधमपुर में बीएसएफ के वाहन पर आत्मघाती हमले के कोशिश के बाद पकड़े गए आतंकी नवीद ने पूछताछ में बताया कि वे गुलमर्ग के ऊंचाई वाले क्षेत्र में 'उस्ताद पोस्ट' से घुसपैठ कर कश्मीर घाटी पहुंचे थे। अधिकारियों ने बोला कि हालांकि, अब प्रतीत होता है कि घाटी में घुसपैठ के लिए यही रास्ता अपनाया गया है। इनमें से कुछ लोग दक्षिण कश्मीर के बडगाम व पुलवामा के कई हिस्सों में दिखे हैं। उन्होंने बोला कि आतंकियों का एक समूह पाखेरपुरा के जरिए अशांत पुलवामा जिला पहुंचने से पहले बाबा रेशी पहुंचा। अधिकारियों ने बताया कि आतंकियों का एक अन्य समूह बडगाम जिला पहुंचा है। उन्होंने बोला कि इन आतंकियों ने भारी गोलाबारी की आड़ में गुरेज, माछिल व तंगधार सेक्टरों से घुसपैठ की। इस घुसपैठ का अहसास तब हुआ जब सुरक्षा एजेंसियों को गंदेरबल क्षेत्र में नए चेहरे दिखाई देने लगे।