आदित्य ठाकरे नेसुशांत सिंह राजपूत की मृत्यु के मुद्दे में तोड़ी चुप्पी, कही ये बड़ी बात

आदित्य ठाकरे नेसुशांत सिंह राजपूत की मृत्यु के मुद्दे में तोड़ी चुप्पी, कही ये बड़ी बात

नयी दिल्ली: सुशांत सिंह राजपूत मृत्यु (Sushant Singh Rajput Death) के मुद्दे में आए दिन नए खुलासे हो रहे हैं. रोज एक नयी कहानी निकलकर सामने आ रही है. उनकी मृत्यु के मुद्दे में कई लोगों के नाम लिए जा रहे हैं. सियासी क्षेत्र से भी इस केस में बयानबाजी की जा रही है. कई लोगों ने सुशांत की मृत्यु के मुद्दे में महाराष्ट्र सरकार के कैबिनेट मंत्री आदित्य ठाकरे (Aaditya Thackeray) पर निशाना साधा. जिसे लेकर अब आदित्य ठाकरे ने अपनी चुप्पी तोड़ी है. आदित्य ने ट्विटर पर एक लंबा चौड़ा पोस्ट लिखा है. जिसमें उन्होंने बोला कि जिन लोगों को महाराष्ट्र सरकार की वर्तमान सरकार की लोकप्रियता व उसके कार्य से चिढ़ है उन्होंने सुशांत सिंह राजपूत मुद्दे को लेकर गंदी पॉलिटिक्स करना प्रारम्भ कर दिया है.

आदित्य ठाकरे ने ट्विटर (Aaditya Thackeray Tweet) पर लिखा, 'ये तुच्छ पॉलिटिक्स है, पर मैंने धैर्य बरता है.' इसके साथ ही उन्होंने एक लंबे चौड़े नोट में लिखा, 'मुंबई पुलिस इसकी गहराई से जाँच पड़ताल कर रही है व महाराष्ट्र पुलिस की ख्याति पूरी संसार में है. लेकिन कुछ लोग जो मूल रूप से कानून पर भरोसा नहीं करते, वो लोग अफवाहें फैलाकर व माहौल बिगाड़ कर दिशा भटकाने का कोशिश कर रहे हैं. बॉलीवुड से अपने कनेक्शन को लेकर आदित्य ने कहा, बॉलीवुड मुंबई का जरूरी भाग है. इनमें से कई लोगों से मेरे पर्सनल संबंध भी हैं व ऐसा होना कोई अपराध नहीं है. सुशांत सिंह राजपूत की मृत्यु अत्यंत ही दुर्भाग्यपूर्ण व दुखदायक है.'

आदित्य ठाकरे ने आगे लिखा, 'जिन लोगों को महाराष्ट्र सरकार की वर्तमान सरकार की लोकप्रियता व उसके कार्य से चिढ़ है उन्होंने सुशांत सिंह राजपूत मुद्दे को लेकर गंदी पॉलिटिक्स करना प्रारम्भ कर दिया है. सुशांत सिंह राजपूत की आत्महत्या के मुद्दे को लेकर पर्सनल रूप से मुझ पर व सारे ठाकरे परिवार पर कीचड़ उछाला जा रहा है. इस सब के पीछे वो लोग हैं जो अपनी सियासी विफलता से हताश हैं. किसी की डेड बॉडी पर रोटियां सेकने की यह हरकत पूरी इन्सानियत को शर्मसार करने वाली है.'

इसके साथ ही आदित्य ठाकरे ने बोला कि 'बाला साहब ठाकरे का पोता होने के नाते ये बात मैं पूरी जिम्मेदारी से कह रहा हूं कि मेरे हाथ से कभी कोई ऐसा कार्य नहीं होगा जिससे महाराष्ट्र की, शिवसेना की या ठाकरे परिवार की प्रतिष्ठा पर कोई आंच आए.'